छात्रों के जीवन का दुश्मन बना मोबाइल, मां ने छीना फोन तो 13 वर्षीय बेटे ने कर ली खुदकुशी

कोरोना काल में शिक्षा का माध्यम बना मोबाइल फोन अब छात्रों के जीवन का दुश्मन बन गया है।

कोरोना काल में छात्र-छात्राओं की पढ़ाई बाधित ना हो इसके लिए मजबूरी में सरकारी एवं निजी शिक्षानुष्ठानों में बच्चों को ऑनलाइन मोबाइल के जरिए पढ़ाने की प्रक्रिया शुरु की गई।

ऐसे में छात्र-छात्रा ऑनलाइन मोबाइल के जरिए पढ़ाई करने लगे। छात्रों की पढ़ाई बाधित ना हो इसके लिए मजबूरी में यह व्यवस्था शुरु की गई, मगर यही व्यवस्था अब छात्रों के माता-पिता के लिए ये एक  सिरदर्द बन गई है।

छात्रों का मोबाइल के प्रति लगाव इस कदर बढ़ गया है कि अब उन्हें मोबाइल ना मिलने पर घर में अशांति फैल रही है। यहां तक मोबाइल ना मिलने से एक छात्र ने तो आत्महत्या तक कर ली है।

यह मामला राजधानी भुवनेश्वर में सामने आया है। 13 वर्षीय एक बच्चे की मां ने बच्चे को जब गेम खेलने के लिए मोबाइल देने से इनकार कर दिया तो छात्र ने फोन ना मिलने पर गले में फंदा लगाकर आत्महत्या कर लिया। यह खबर सामने आने के बाद से इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है और तमाम अभिभावकों के लिए सिरदर्द भी बन गई है।